संतोष सिंह सूर्यवंशी | बैकुंठपुर (कोरिया)
कोरिया जिले में लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं और इनमें लोगों की जान जाने की घटनाओं के बाद परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रदीप गुप्ता ने परिवहन विभाग की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए निर्धारित नियमों का प्रभावी ढंग से पालन सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
गुरुवार, 22 अक्टूबर को केल्हारी मार्ग पर यात्री बस दुर्घटना में छह लोगों की मौत होने की घटना ने जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। इससे पहले छिंदिया-पटना मार्ग पर ऑटो दुर्घटना में चार लोगों की जान जाने की घटना भी सामने आई थी। लगातार हुई इन दुर्घटनाओं के बीच वाहनों की जांच, फिटनेस, परमिट और यात्री सुरक्षा से जुड़े नियमों के पालन को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
ओवरलोडिंग और फिटनेस जांच पर उठाए सवाल
प्रदीप गुप्ता ने आरोप लगाया कि जिले में निर्धारित क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाकर वाहन चलाने, स्कूली बच्चों को क्षमता से अधिक संख्या में ले जाने, बिना वैध परमिट या फिटनेस प्रमाणपत्र के वाहनों के संचालन तथा पिकअप वाहनों में क्षमता से अधिक सामान लादने जैसी शिकायतों पर गंभीरता से ध्यान देने की जरूरत है।
उन्होंने बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों तथा अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर नियंत्रण के लिए भी प्रभावी निगरानी की आवश्यकता बताई। उनका कहना है कि सड़क पर चलने वाले वाहनों की नियमित जांच और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई दुर्घटनाओं की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
हादसों के बाद नहीं, पहले हो कार्रवाई
कांग्रेस जिला अध्यक्ष ने सवाल उठाया कि यदि वाहनों में ओवरलोडिंग हो रही है और फिटनेस व परमिट संबंधी नियमों के उल्लंघन की शिकायतें सामने आ रही हैं, तो इनकी जांच और रोकथाम के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं? उन्होंने कहा कि दुर्घटना होने के बाद चिंता जताने के बजाय संबंधित विभाग को पहले से सक्रिय रहकर सड़क सुरक्षा के नियमों का पालन सुनिश्चित करना चाहिए।
उन्होंने परिवहन विभाग की जवाबदेही तय करने की मांग करते हुए कहा कि विभाग की भूमिका केवल कार्यालय तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि सड़कों पर वाहनों की जांच, दस्तावेजों का सत्यापन और नियम तोड़ने वालों के विरुद्ध कार्रवाई भी सुनिश्चित होनी चाहिए।
परिवहन विभाग से मांगा जवाब
जिले में लगातार हो रही दुर्घटनाओं के बीच अब यह सवाल महत्वपूर्ण हो गया है कि सड़क सुरक्षा के लिए परिवहन विभाग की ओर से अब तक क्या कदम उठाए गए हैं। ओवरलोडिंग, वाहन फिटनेस, परमिट, नंबर प्लेट और यात्री सुरक्षा से जुड़े नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए किस तरह की जांच और कार्रवाई की जा रही है?
सड़क दुर्घटनाओं के वास्तविक कारणों की जांच के साथ-साथ संबंधित विभागों की भूमिका की समीक्षा भी जरूरी है। परिवहन विभाग को अपनी निगरानी व्यवस्था और सड़क सुरक्षा के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए, ताकि आम लोगों में भरोसा बढ़े और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी उपाय किए जा सकें।
| CNB LIVE NEWS
CG BREAKING "सड़क हादसों में मौतों के बाद परिवहन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल...कांग्रेस जिला अध्यक्ष प्रदीप गुप्ता ने उठाए सवाल, कहा—वाहनों की जांच और नियमों के पालन पर हो ठोस कार्रवाई...देंखे?
October 22, 2026
Share to other apps


